बैंक कर्मियों का भोपाल में प्रदर्शन आज, पांच दिवसीय बैंक सप्ताह लागू करने की मांग
यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस के आह्वान पर सेंट्रल बैंक जोनल ऑफिस के सामने जुटेंगे कर्मचारी, पीएलआई योजना वापस लेने और लंबित मुद्दों के निराकरण की मांग
भोपाल। बैंकिंग क्षेत्र की विभिन्न मांगों को लेकर यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस (UFBU) के राष्ट्रव्यापी आंदोलन के तहत गुरुवार को राजधानी भोपाल में बैंक कर्मचारी प्रदर्शन करेंगे। फोरम के आह्वान पर भोपाल जिला इकाई की ओर से शाम 5:15 बजे सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया के जोनल ऑफिस, अरेरा हिल्स, जेल रोड के सामने प्रदर्शन किया जाएगा।
बैंक यूनियनों का कहना है कि बैंक कर्मचारियों से जुड़े कई महत्वपूर्ण मुद्दे लंबे समय से लंबित हैं, लेकिन इनके समाधान की दिशा में अपेक्षित कार्रवाई नहीं हुई है। इन्हीं मुद्दों को लेकर देशभर में चरणबद्ध आंदोलन शुरू किया गया है। इसके तहत 27 अगस्त को राष्ट्रव्यापी प्रदर्शन का कार्यक्रम तय किया गया है।
पांच दिवसीय बैंक सप्ताह लागू करने की मांग
यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस की प्रमुख मांगों में पांच दिवसीय बैंक सप्ताह लागू करना शामिल है। बैंक कर्मचारी संगठनों का कहना है कि सप्ताह में पांच दिन बैंकिंग व्यवस्था लागू होने से कर्मचारियों को बेहतर कार्य-जीवन संतुलन मिलेगा। साथ ही बैंकिंग क्षेत्र में आधुनिक तकनीक और डिजिटल सेवाओं के बढ़ते इस्तेमाल को देखते हुए कामकाज के मौजूदा स्वरूप में भी बदलाव की आवश्यकता है।
फोरम का कहना है कि पांच दिवसीय बैंक सप्ताह की मांग लंबे समय से उठाई जा रही है। इसके बावजूद इसे पूरी तरह लागू नहीं किया गया है। कर्मचारी संगठनों ने सरकार और बैंक प्रबंधन से इस मुद्दे पर शीघ्र निर्णय लेने की मांग की है।
पीएलआई योजना को लेकर भी विरोध
बैंक यूनियनों ने परफॉर्मेंस लिंक्ड इंसेंटिव (PLI) योजना को लेकर भी आपत्ति जताई है। फोरम का आरोप है कि मौजूदा पीएलआई योजना एकतरफा और भेदभावपूर्ण है। यूनियनों की मांग है कि योजना के क्रियान्वयन को तत्काल स्थगित किया जाए और इसमें संशोधन के लिए बैंक कर्मचारी संगठनों के साथ द्विपक्षीय वार्ता की जाए।
फोरम का कहना है कि कर्मचारियों के प्रदर्शन और योगदान से जुड़े किसी भी प्रोत्साहन तंत्र को पारदर्शी और न्यायसंगत बनाया जाना चाहिए। इसके लिए कर्मचारी संगठनों को भी चर्चा में शामिल किया जाना जरूरी है।
लंबित मुद्दों के समाधान की मांग
प्रदर्शन के दौरान बैंक कर्मचारी अन्य लंबित मांगों और बैंकिंग क्षेत्र से जुड़े मुद्दों को भी उठाएंगे। यूनियनों का कहना है कि कर्मचारियों से संबंधित मामलों पर लंबे समय से बातचीत और समाधान की आवश्यकता है। द्विपक्षीय वार्ता के माध्यम से इन मुद्दों का स्थायी समाधान किया जाना चाहिए।
फोरम ने स्पष्ट किया है कि मांगों को लेकर आंदोलन को चरणबद्ध तरीके से आगे बढ़ाया जाएगा। आने वाले महीनों में कई राष्ट्रव्यापी हड़तालों के साथ-साथ अनिश्चितकालीन हड़ताल का भी ऐलान किया गया है। 27 अगस्त का प्रदर्शन इसी प्रस्तावित आंदोलन की कड़ी के रूप में किया जा रहा है।
भोपाल में बैंक कर्मचारी होंगे शामिल
यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस मध्य प्रदेश के कॉर्डिनेटर वीके शर्मा ने बैंक कर्मचारियों और यूनियन पदाधिकारियों से प्रदर्शन में शामिल होने का आह्वान किया है। उन्होंने कहा कि राष्ट्रव्यापी कार्यक्रम के तहत भोपाल में भी बैंक कर्मचारी एकजुट होकर अपनी मांगों को मजबूती से उठाएंगे।
उन्होंने बताया कि प्रदर्शन गुरुवार शाम 5:15 बजे सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया जोनल ऑफिस, अरेरा हिल्स, जेल रोड भोपाल के सामने आयोजित किया जाएगा। आंदोलन के माध्यम से बैंक कर्मचारियों की मांगों को सरकार और संबंधित बैंकिंग संस्थानों तक पहुंचाया जाएगा।
आगे और तेज होगा आंदोलन
बैंक यूनियनों ने संकेत दिया है कि यदि मांगों पर सकारात्मक पहल नहीं होती है तो आंदोलन को और व्यापक किया जाएगा। फोरम की ओर से आने वाले महीनों में राष्ट्रव्यापी हड़तालों और अंततः अनिश्चितकालीन हड़ताल का कार्यक्रम घोषित किया गया है। ऐसे में 27 अगस्त का प्रदर्शन बैंक कर्मचारियों के आंदोलन में महत्वपूर्ण चरण माना जा रहा है।
प्रमुख मांगें
- पांच दिवसीय बैंक सप्ताह लागू किया जाए।
- एकतरफा और भेदभावपूर्ण पीएलआई योजना वापस ली जाए।
- पीएलआई योजना का क्रियान्वयन स्थगित किया जाए।
- पीएलआई योजना में संशोधन के लिए यूनियनों से द्विपक्षीय वार्ता की जाए।
- बैंक कर्मचारियों से जुड़े लंबित मुद्दों का शीघ्र समाधान किया जाए।
- कर्मचारियों की मांगों पर नियमित द्विपक्षीय वार्ता की व्यवस्था मजबूत की जाए।





